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ना हिंदू मर रहा है ना मुसलमान मार रहा है

ना हिंदू मर रहा है ना मुसलमान मार रहा है
इन धर्मो के झगड़े में हिंदुस्तान मर रहा है

लगाकर आग अपने ही घरों मे
इज्जत नीलाम कर रहा है
देकर इसे इबादत का नाम
 खुदा को अपने बदनाम कर रहा है

ना हिंदू मर रहा है ना मुसलमान मार रहा है
इन शैतानी   झगड़े में इंसान मर  रहा है
 

मुगलो अंग्रेजो की गुलामी मे 
जो खत्म ना हुआ कभी 
आज आजाद हिन्दुस्तान मे 
तू उसके खात्मे से डर रहा 


ना हिंदू मर रहा है ना मुसलमान मार रहा है
इन धर्मो के झगड़े में हिंदुस्तान मर रहा है






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